गरियाबंद : जिले की समितियों में पर्याप्त मात्रा में बीज एवं खाद उपलब्ध, किसानों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील
गरियाबंद : जिले की समितियों में पर्याप्त मात्रा में बीज एवं खाद उपलब्ध, किसानों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील
गरियाबंद : जिले की समितियों में पर्याप्त मात्रा में बीज एवं खाद उपलब्ध, किसानों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील
खरीफ सीजन की तैयारी तेज, सहकारी समितियों से बीज-उर्वरकों का लगातार उठाव जारी
गरियाबंद, 30 मई 2026
खरीफ वर्ष 2026 की तैयारियों के तहत जिले के किसानों द्वारा खेतों की जुताई एवं अन्य कृषि कार्य तेजी से किए जा रहे हैं। इसके साथ ही किसान सहकारी समितियों से बीज एवं उर्वरकों का उठाव भी उत्साहपूर्वक कर रहे हैं। कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जिले की सभी सहकारी समितियों में खरीफ सीजन के लिए पर्याप्त मात्रा में बीज एवं खाद का भंडारण उपलब्ध है तथा किसानों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है। उर्वरकों का वितरण शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार किया जा रहा है। इसके अंतर्गत किसानों को गत वर्ष वितरित यूरिया की मात्रा का 80 प्रतिशत तथा डीएपी की 60 प्रतिशत मात्रा उपलब्ध कराई जा रही है। इसके अलावा किसानों की आवश्यकतानुसार सिंगल सुपर फॉस्फेट (एसएसपी), एनपीके, पोटाश, नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी सहित अन्य उर्वरकों का भी वितरण किया जा रहा है।
वर्तमान में जिले के सहकारी क्षेत्रों में यूरिया 10 हजार 259 मीट्रिक टन, डीएपी 2 हजार 083 मीट्रिक टन, एसएसपी 2 हजार 308 मीट्रिक टन, एमओपी 1 हजार 115 मीट्रिक टन तथा एनपीके 2 हजार 441 मीट्रिक टन सहित कुल 18 हजार 206 मीट्रिक टन रासायनिक उर्वरकों का भंडारण उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त 10 हजार 511 नैनो यूरिया एवं 8 हजार 323 नैनो डीएपी की बोतलें भी समितियों में उपलब्ध हैं। सभी समितियों को आवश्यकतानुसार उर्वरक उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। बीज उपलब्धता के संबंध में विभाग ने बताया कि जिले की सभी सहकारी समितियों में लगभग 10 हजार 200 क्विंटल प्रमाणित धान बीज का भंडारण किया जा चुका है। इनमें एमटीयू-1156, एमटीयू-1153, एमटीयू-1001, एमटीयू-1010, महामाया तथा स्वर्णा सब-1 जैसी उन्नत एवं लोकप्रिय किस्में शामिल हैं। किसान इन बीजों का लगातार उठाव कर रहे हैं।
उर्वरक वितरण व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने तथा जमाखोरी एवं कालाबाजारी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जिले में निगरानी दलों का गठन किया गया है। गठित दलों द्वारा सहकारी एवं निजी उर्वरक विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर विक्रय प्रतिबंध, लाइसेंस निलंबन तथा जब्ती जैसी वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।
कृषि विभाग ने जिले के सभी किसान भाइयों से अपील की है कि वे खाद एवं बीज की उपलब्धता को लेकर फैलाए जा रहे किसी भी प्रकार के भ्रम, अफवाह अथवा भ्रामक समाचारों पर ध्यान न दें। किसी भी समस्या अथवा जानकारी के लिए संबंधित ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी, निकटतम सहकारी समिति या जिला स्तरीय नियंत्रण कक्ष के दूरभाष क्रमांक 99771-06777 एवं 79875-38588 पर सीधे संपर्क कर सकते हैं। विभाग ने बताया कि शासन द्वारा खाद एवं बीज वितरण व्यवस्था की सतत निगरानी की जा रही है तथा किसानों को समय पर और आवश्यकता के अनुरूप कृषि आदान उपलब्ध कराना सर्वाेच्च प्राथमिकता है।
cgns